अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्यवाही हो

भोपाल, सितम्बर 2015/ मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने अधिकारियों को चेतावनी दी है कि अपराधियों के खिलाफ कार्यवाही में लापरवाही को किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। उन्होंने कहा कि अभियान चलाकर विस्फोटक लायसेंसों का सर्वे करवाया जाये और नियम प्रक्रियाओं का पूरा पालन सुनिश्चित किया जाये। उन्होंने साफ-साफ कहा कि लापरवाही के कारण हादसा होने पर जिले के कलेक्टर और एसपी जवाबदेह होंगे। सभी विभाग अपने कार्यों में सुधार लायें। किसी भी तरह की गड़बड़ी मिलने पर संबंधितों के खिलाफ कठोर कार्यवाही की जायेगी।

मुख्यमंत्री श्री चौहान आज मंत्रालय में वीडियो कान्फ्रेंसिंग के जरिये प्रदेश के कमिश्नरों, आईजी, कलेक्टरों और पुलिस अधीक्षकों सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारियों को संबोधित कर रहे थे। इस मौके पर मुख्य सचिव श्री अंटोनी डिसा और अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने अधिकारियों को योजनाओं का बेहतर क्रियान्यवयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने कहा कि जनता को सहजता से समय पर योजनाओं का लाभ मिले। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जन-समस्याओं का त्वरित और समुचित निराकरण सुनिश्चित किया जाये।

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि जनता को सुशासन देना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। स्वच्छ प्रशासन के लिये कार्य में पूरी ईमानदारी, पारदर्शिता और प्रामाणिकता सुनिश्चित की जाये। उन्होंने कलेक्टरों को निर्देशित किया कि जन-कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों को आसानी से उपलब्ध करवाने के लिये रतलाम की तर्ज पर सभी जिलों में साधिकार अभियान चलाया जाये। सभी पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का पूरा लाभ मिले। जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी योजनाओं का लाभ हितग्राही को बिना किसी अड़चन के समय पर मिलना सुनिश्चित करेंगे। संभागायुक्त इसकी नियमित रूप से मॉनीटरिंग करेंगे।

कलेक्टरों के प्रतिवेदन की समीक्षा होगी

मुख्यमंत्री ने कलेक्टरों को क्षेत्र का भ्रमण कर योजनाओं के क्रियान्वयन और विकास कार्यों की वस्तु-स्थिति की रिपोर्ट हर महीने की सात तारीख तक भेजने के निर्देश दिये। इसकी समीक्षा स्वयं मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव करेंगे। उन्होंने जन-सुनवाई प्रभावी ढंग से करने तथा सीएम हेल्पलाइन में मिलने वाली शिकायतों को व्यक्तिगत रूप से देखने के सख्त निर्देश दिये। श्री चौहान कहा कि कलेक्टर, एसपी और अन्य अधिकारी शासन के प्रतिनिधि होते हैं। अधिकारियों को जन-कल्याण और प्रदेश के विकास के लिये पूरे समर्पण भाव से जिद, जूनून और जज्बा के साथ प्रो-एक्टिव होकर कार्य करने की समझाईश दी।

सभी वर्गों से संवाद हो

मुख्यमंत्री ने कहा कि त्यौहारों के दौरान शांति व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जाये। सभी वर्ग से संवाद कायम किया जाये तथा शांति समिति की बैठकें की जायें ताकि सभी त्यौहार शांति और सदभावपूर्वक मनाये जा सकें।

मुख्यमंत्री ने करवाया सर्वे

श्री चौहान ने कहा कि योजनाओं की मैदानी वस्तु-स्थिति का पता लगाने के लिये उन्होंने सभी विभागों का सर्वे करवाया है। सभी विभाग अपने कार्यों में सुधार लायें। इसमें किसी तरह की गड़बड़ी पायी जाने पर संबंधितों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जायेगी। उन्होंने राजस्व विभाग में निचले स्तर पर जनता की दिक्कतें बतायीं। उन्होंने निर्देश दिया कि पटवारी अपने मुख्यालय पर रहें। इसी तरह लोक सेवा प्रदाय गारंटी अधिनियम का पालन सुनिश्चित करने, आँगनवाड़ी केंद्र समय पर खुलने, पोषण आहार वितरण और बच्चों की उपस्थिति सुनिश्चित करने, स्वच्छ भारत अभियान में शौचालय की राशि हितग्राही को समय पर उपलब्ध करवाने और शौचालय बनना सुनिश्चित करने, आत्मा योजना का प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करने, जाति प्रमाण पत्र सरलता से समय पर बनने, हितग्राहियों को बैंक से आसानी से ऋण उपलब्ध करवाने तथा सार्वजनिक वितरण प्रणाली में सुधार लाने के निर्देश दिये।

उन्होंने विभिन्न पेंशन योजनाओं के हितग्राहियों को पेंशन मिलने की समस्या को देखते हुए समग्र आईडी में आवश्यक सुधार के निर्देश दिये। साथ ही मध्यान्ह भोजन की गुणवत्ता सुधारने, श्रमिकों को योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करने, विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति उपलब्ध करवाने, किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड बनवाने में समस्याओं को दूर करने, आरटीओ लाइसेंस में कसावट लाने और बसों में किराया सूची लगाने, उपभोक्ताओं को सही बिजली बिल मिलना सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिये।

खाद की काला बाजारी नहीं हो

मुख्यमंत्री ने वीडियो कॉन्फ्रेंस में प्रदेश में वर्षा की स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि कम वर्षा वाले जिलों में कम पानी में तैयार होने वाली फसलें बोने के लिये किसानों को समझाईश दी जाये। साथ ही सरलता से खाद-बीज उपलब्ध करवायें। उन्होंने कहा कि प्रदेश में रबी के लिये खाद का पर्याप्त भंडारण है। यह सुनिश्चित किया जाये कि खाद की कालाबाजारी नहीं हो। फसल कटाई का प्रयोग सही ढंग से हो जिससे किसानों को फसल बीमा योजना का लाभ मिल सके। साथ ही कम वर्षा को देखते हुए जिले की आवश्यकतानुसार कार्य-योजना पहले से बना ली जाये। जिले में ही रोजगारमूलक कार्य उपलब्ध करवाना सुनिश्चित किया जाये, जिससे पलायन नहीं हो। उन्होंने उड़द की फसल नुकसानी पर राजस्व पुस्तक परिपत्र के तहत राहत देने और फसल बीमा योजना में शामिल करवाने के लिये अधिकारियों को निर्देशित किया।

दस साल-बेमिसाल कार्यक्रम होंगे

मुख्यमंत्री ने कहा कि पं. दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर 25 सितम्बर से प्रदेश में गरीब कल्याण वर्ष मनाया जायेगा। इस दौरान गरीबों को विभिन्न योजना से लाभान्वित किया जायेगा। मध्यप्रदेश की स्थापना दिवस एक नवम्बर से 29 नवम्बर के बीच दस साल – बेमिसाल कार्यक्रम होंगे। इसमें ग्राम पंचायत, जनपद पंचायत एवं जिला पंचायत स्तर पर कार्यक्रम होंगे। इनमें प्रदेश में पिछले दस वर्षों में किये गये कार्यों का ब्यौरा और आगामी दस वर्ष में किये जाने वाले कार्यों का दृष्टि-पत्र जनता के सामने प्रस्तुत किया जायेगा। प्रदेश स्तरीय कार्यक्रम 29 नवम्बर को भोपाल में होगा।

बीमारियों के नियंत्रण के उपाय करें

मुख्यमंत्री ने स्वाइन फ्लू, डेंगू एवं अन्य बीमारियों की रोकथाम के ठोस उपाय करने के लिये अधिकारियों को निर्देशित किया। उन्होंने कहा कि जहाँ कहीं बीमारी के लक्षण मिलते हैं वहाँ बीमारी नियंत्रण के तत्काल प्रभावी उपाय किये जायें। उन्होंने कहा कि दवाईयों एवं संसाधनों की कोई कमी नहीं है।

श्री चौहान ने कहा कि अधिकारी जन-प्रतिनिधियों से समन्वय बनाकर टीम भावना से काम करें। जन-प्रतिनिधियों के सुझावों को महत्व दें और उन्हें जन-कल्याण के कार्यों में भागीदार बनायें। जन-प्रतिनिधियों के सम्मान और संवाद में कोई कमी नहीं रहे। इस मौके पर कम वर्षा वाले जिलों में फसलों की स्थिति की जानकारी भी दी गई।

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