मुख्यमंत्री ने की केंद्रीय मंत्री नायडू से मुलाकात

भोपाल, दिसम्बर 2015/ मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने केन्द्रीय शहरी विकास मंत्री एम.वेंकैया नायडू से नई दिल्ली में मुलाकात कर केन्द्र में नगरीय विकास एवं पर्यावरण विभाग से संबंधित लंबित योजनाओं को शीघ्र पारित करवाने का अनुरोध किया। श्री चौहान ने केन्द्रीय योजनाओं जैसे स्मार्ट सिटी, अमृत मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना (सबसे के लिए आवास 2022), जेएनएनयूआरएम परियोजना, शहरी स्वच्छ भारत मिशन और मेट्रो परियोजना पर विस्तार से चर्चा की।

श्री चौहान ने भारत सरकार द्वारा चयनित किये जाने वाले प्रथम वर्ष के लिए 20 शहर में प्रदेश के सात शहर भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर, उज्जैन, सागर एवं सतना को शामिल किये जाने का अनुरोध किया। बताया कि सभी शहर के प्रस्ताव निर्धारित मार्गदर्शी सिद्धांत एवं जन समुदाय से सलाह के बाद निर्धारित समय-सीमा में केन्द्र सरकार को भेज दिये गये हैं। अमृत मिशन के लिए श्री चौहान ने आगामी पाँच वर्ष की समग्र कार्य-योजना राशि 8569 करोड़ की राशि स्वीकृत करने का अनुरोध किया। यह राशि चयनित 32 शहर के राज्य वार्षिक कार्य योजना के लिए तैयार की गयी है। प्रथम वर्ष की कार्य योजना के लिए 11.13 करोड़ की राशि शेष रह गयी थी। यह राशि शीघ्र जारी करवाने का अनुरोध किया। साथ ही योजना के अंतर्गत सम्मिलित किये गये डबरा एवं ओंकारेश्वर शहर के लिए अलग से राशि आवंटित करने का अनुरोध किया।

श्री चौहान ने प्रधानमंत्री आवास योजना में जबलपुर शहर की योजना को स्वीकृति न दिये जाने पर खेद प्रकट किया। अनुरोध किया कि जबलपुर शहर को योजना में जोड़ा जाय और प्रदेश में योजना में लिये गये 16 शहर में 19 हजार 737 आवास की योजना स्वीकृत करते हुए 117.63 करोड़ की केन्द्रीय सहायता राशि शीघ्र उपलब्ध करवायी जाय।

श्री चौहान ने जेएनएनयूआरएम परियोजना में भोपाल के लिए वाटर सप्लाई डिस्ट्रीब्यूशन-राशि 51.93 करोड़, लेक फ्रन्ट डेवलेपमेन्ट- 0.84 करोड़, सप्लीमेन्ट्री डी पी आर टू बी आर टी एस- राशि 6.20 करोड़, केबल स्टे ब्रिज एट कमला पार्क-राशि 2.05 करोड़, कुल 61.02 करोड़ रूपये केन्द्र द्वारा शीघ्र आवंटित करवाने का अनुरोध किया। इसी प्रकार जेएनएनयूआरएम परियोजना में शहरी सुधार कार्यक्रम के लिए शेष राशि 115.07 करोड़ को भी शीघ्र आवंटित करने का अनुरोध किया ताकि परियोजना को पूरा किया जा सके।

श्री चौहान ने स्वच्छ भारत मिशन को पूर्ण रूप से सफल बनाने के लिए वर्ष 2015-16 के लिए प्रावधान अनुसार 100 करोड़ राशि जारी किये जाने का अनुरोध किया। बताया कि स्वच्छ भारत मिशन में राज्य सरकार को 86.43 करोड़ रूपये का अनुदान प्राप्त हुआ था जिसका पूरा उपयोग किया जा चुका है। राज्य के नगरीय क्षेत्रों में 3 लाख 88 हजार से अधिक शौचालय स्वीकृत किये गये हैं। इनमें से एक लाख 24 हजार से अधिक बनाये जा चुके हैं। राज्य के सभी 378 नगरीय निकाय को ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के लिये 26 क्षेत्रीय इकाई में बाँटा गया है और पीपीपी आधारित कार्य योजना पर कार्य किया जा रहा है। प्रदेश के इंदौर और भोपाल शहरों में मेट्रो परियोजना के लिए डीपीआर तैयार करने की कार्रवाई अंतिम चरण में है। जापान प्रवास के दौरान JICA से भोपाल एवं इंदौर में प्रस्तावित मेट्रो परियोजना के क्रियान्वयन एवं दीर्घकालिक कर्ज दिये जाने पर सैद्धांतिक सहमति हो गयी है। शहरी विकास मंत्रालय से प्रस्ताव के अनुमोदन के बाद ही वित्त मंत्रालय को उचित कार्यवाही के लिए भेजा जायेगा। उन्होंने प्रस्ताव को वित्त मंत्रालय भिजवाने का आग्रह किया।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here