मध्यप्रदेश में जनहित की ऐतिहासिक पहल

भोपाल, अगस्‍त 2014/ मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि मध्यप्रदेश में सभी सुखी हों, निरोगी हों, सबका कल्याण हों, कोई दुखी ना रहे, यही शासन व्यवस्था का ध्येय है। इसी की पूर्ति के लिये प्रदेश में सी.एम. हेल्पलाइन 181 प्रारंभ की गई है।

श्री चौहान ने प्रदेश की सुशासन व्यवस्था को अधिक चुस्त-दुरूस्त और जनहित में सक्रिय करने की ऐतिहासिक पहल करते हुए आज यहाँ सी.एम. हेल्पलाइन का लोकार्पण किया। देश में अपने तरह की अनूठी इस हेल्पलाइन से प्रदेश के विभिन्न विभाग के पाँच हजार अधिकारी-कर्मचारियों को जोड़ा गया है। ये अधिकारी इस हेल्पलाइन से प्राप्त समस्याओं का निराकरण करेंगे। हेल्पलाइन के नि:शुल्क टोल नम्बर 181 से जन-कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी प्राप्त की जा सकेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी प्रदेशवासी को अपनी समस्या के लिये भटकना नहीं पड़े, यह हेल्पलाइन जनहेतु-जनसेतु के रूप में कार्य करेगी। समस्या का पूर्ण निराकरण होने पर आवेदक की संतुष्टि के पश्चात ही यहाँ दर्ज किया गया प्रकरण बंद किया जायेगा।

श्री चौहान ने कहा कि प्रत्येक शासन व्यवस्था का कर्त्तव्य है कि विकास करे, जन कल्याणकारी योजनाएँ बनायें और उनकी सबको जानकारी देकर बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित करें। मध्यप्रदेश में इन तीनों पर लगातार ध्यान देने का ही परिणाम है कि कभी बीमारू कहा जाने वाले इस राज्य ने देश में ही नहीं विश्व में सर्वाधिक 24.99 प्रतिशत कृषि विकास दर और देश में सबसे अधिक 11.02 प्रतिशत विकास दर हासिल की है। सभी वर्गों के कल्याण की योजनाएँ बनी हैं। सबकी समस्याओं के समय पर निराकरण, योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा के लिये परख, समाधान ऑन लाइन तथा लोक सेवा गारंटी अधिनियम जैसी व्यवस्थाएँ लागू की गयीं। उन्होंने कहा कि आज युग बदल रहा है। आमजन क्यों भटके। यह हेल्पलाइन शुरू की गयी है जिसमें कोई भी अपने मोबाइल टेलीफोन द्वारा जहाँ है वहीं से 181 डायल कर अपनी बात शासन तक पहुँचा सकेगा। श्री चौहान ने अधिकारियों से कहा कि इस हेल्पलाइन को चुनौती के रूप में स्वीकार करते हुए अपनी दक्षता तथा कर्मठता का परिचय दें।

मुख्यमंत्री ने सी-21 मॉल में स्थापित सी.एम. हेल्प लाइन का अवलोकन किया। हेल्प लाइन एक्जीक्यूटिव सुश्री पूजा देशवाड़ी तथा ललिता वर्मन से हेल्प लाइन संचालन के बारे में जानकारी ली। इस हेल्प लाइन में आ रहा फोन कॉल भी रिसीव किया।

लोक सेवा प्रबंधन मंत्री भूपेन्द्र सिंह ने कहा कि सरकार सबसे पीछे और गरीब जरूरतमंद तक पहुँचे तभी प्रजातंत्र की सार्थकता है। सी.एम. हेल्पलाइन देश में पहली बार लोक सेवा की गारंटी देने वाले राज्य का सुशासन की दिशा में एक सशक्त प्रयास है। जनता से सीधे जुड़ने की देश में यह पहली अभिनव पहल है। शासन की योजनाओं का लाभ आवेदक, घर से फोन कर प्राप्त कर सकता है। इस सेवा के क्रियान्वयन में कोई कमी नहीं रहने दी जायेगी। भविष्य में आवश्यकतानुसार सुधार भी किये जायेंगे। कार्य की मॉनीटरिंग के लिये वे स्वयं भी सप्ताह में एक दिन हेल्प लाइन की समीक्षा करेंगे।

विभाग के सचिव हरिरंजन राव ने बताया कि छह माह के प्रयोग और प्रशिक्षण के उपरांत यह सेवा तैयार की गई हैं। टोल-फ्री नम्बर पर प्रतिदिन पाँच से लेकर 10 हजार कॉल रिसीव कर संबंधित अधिकारी को मामले निराकरण के लिये भेजे जायेंगे। यही नहीं, निराकरण की स्थिति से भी आवेदकों को अवगत करवाया जायेगा। हेल्पलाइन में 100 से अधिक कॉल एक साथ रिसीव करने की व्यवस्था है। यह प्रयास फेसलेस गव्हर्नमेन्ट का उत्कृष्ट नमूना है। परीक्षण अवधि में ही इस हेल्प लाइन में 12 लाख फोन रिसीव हुए हैं। कार्यक्रम में मुख्य सचिव अंटोनी डि सा, विधायक द्वय रामेश्वर शर्मा तथा अनिल जी और विभिन्न विभाग के प्रमुख सचिव, सचिव और विभागाध्यक्ष उपस्थित थे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here